Sunday, 27 December 2015

सबसे मोटे आदमी का निधन

किसी भी चीज की अति बुरी ही होती है.....फिर चाहे वो नींद हो या फिर मोटापा....ऐसा हम इसलिए कह रहे हैं क्योंकि 25 दिसंबर 2015 को दुनिया के 39 साल के सबसे मोटे आदमी एंड्रीज मोरेनो का निधन हो गया...एंड्रीज ने वजन कम करने के लिए दो महिने पहले ही उन्होने सर्जरी कराई थी....उनकी पेट की झिल्लियों में सूजन आ गई थी....

एंड्रीज का मोरेनो का वजन एक वक्त 450 किलोग्राम तक पहुंच गया था.....उन्होंने अपना वजन घटाने के लिए जालिस्को राज्य के गुआडालाजारा में 28 अक्टूबर को सर्जरी करवाई थी......उन्हें उम्मीद थी कि वह अपना वजन घटा पाएंगे और एक सामान्य जीवन जी पाएंगे.....सर्जरी के जरिए उनके पेट के लगभग तीन-चौथाई हिस्से को कम किया गया.....और इसे एक नया आकार दिया गया है.....उन्हें अधिक खाने से रोकने के लिए पेट में एक ट्यूब लगाई गई थी.....

क्रिसमस के दिन उन्हें सांस लेने में बहुत तकलीफ हो रही थी.......जिसके बाद उन्हें अस्पताल ले जाने का फैसला किया गया.....लेकिन अस्पताल ले जाते समय ही रास्ते में उनका निधन हो गया.....
इसलिए हमें अपने स्वास्थ्य का खास ख्याल रखना चाहिए....हमें अपने आप से प्यार कर अपना ख्याल रखेंगे....तो शरीर भी हमारा ख्याल रखेगा....

Tuesday, 22 December 2015

होंठों का रखें खाल ख्याल...

होंठ हमारी सुंदरता में चार चांद लगाते हैं.....लेकिन अगर होठों की देखभाल ना की जाए तो....ये फटने शुरू हो जाते हैं....कई बार समस्या बेहद गंभीर हो जाती है....कि होठों से खुन आना शुरू हो जाता है....इसलिए ठंड शुरू होते ही हमे अपने होठों का खाल ख्याल रखना चाहिए....होठों पर ग्ल‍िसरीन बेहद फाएदेमंद साबित हुआ है....

कैसे करें ग्ल‍िसरीन का इस्तेमाल:

ग्ल‍िसरीन को दूध, शहद या गुलाब जल के साथ मिलाकर भी लगाया जाता है......

ग्ल‍िसरीन लगाने के फायदे:

1. सर्दियों में शुष्‍क हवाओं के कारण होठ सूख जाते हैं और फटने लग जाते हैं. होठों पर ग्ल‍िसरीन के इस्तेमाल से होंठ मुलायम बनते हैं जिससे फटने की समस्या भी नहीं होने पाती है.

2. अगर आपके होंठों पर दाग-धब्बे हैं और ये काले पड़ चुके हैं तो भी ग्ल‍िसरीन का इस्तेमाल करना फायदेमंद रहता है. कई बार धूम्रपान करने के कारण लोगों के होंठ काले पड़ जाते हैं. ऐसी स्थिति में भी ग्ल‍िसरीन का इस्तेमाल करना फायदेमंद रहता है.

3. सर्दियों में हवाओं के प्रभाव से होंठो की ऊपरी परत सूख जाती है और पपड़ी बन जाती है. ऐसे में ग्लसिरीन का इस्तेमाल करना बहुत फायदेमंद होता है.

4. अगर आपके होंठ कहीं से कट गए हों या फिर अगर उनमें किसी तरह का घाव बन गया हो तो भी ग्ल‍िसरीन का इस्तेमाल करना फायदेमंद होता है.

5. होंठों के लिए ग्ल‍िसरीन एक पोषक तत्व की तरह काम करता है, जिससे होंठों को नमी मिलती है.

Wednesday, 16 December 2015

सोना जरूरी है......

नींद किसे प्यारी नहीं होती..हर कोई अच्छी नींद लेना चाहता है..लेकिन बहुत कम लोग जानते होंगे कि अच्छी नींद एक अच्छा स्वास्थ्य प्रदान करती है..अच्छी नींद हमे कई बीमारियों से दूर रहने में मदद करती है...
हमें समय पर सोने की आदत डालनी चाहिए...पूरे हफ्ते एक ही वक्त पर सोना और उठना एक बहुत ही अच्छी आदत है..हमें छह से सात घंटे सोना जरूर सोना चाहिए...
हमारी नींद हमारे दिनचर्या पर निर्भर करती है..पूरे दिन हम क्या करते हैं, क्या खाते हैं..इन सब का प्रभाव हमारी नींद पर पड़ता है...और किसी भी तरह का बदलाव हमारी नींद को खराब कर सकता है....
मोटापा, तनाव, हाइपरटेंशन, मधुमेह और दिल से जुड़ी कई बीमारियां अनियमित नींद से जुड़ी हुई हैं....इस दौड़ती-भागती जिंदगी में हर कोई अपने सपने पूरे करने में लगा हुआ है....किसी दिन हम 12 घंटे सो जाते हैं..और किसी दिन एक घंटे भी नहीं सो पाते हैं....लेकिन ये आदत हमारे स्वास्थ्य के लिए बहुत खतरनाक है.....

ठंड की दस्तक

ठंड की दस्तक देते ही हम ठंड से बचने के उपाय ढूंढना शुरू कर देते हैं....कोई दादी-नानी के नुस्के अजमाता है...तो कोई इंटरनेट पर खोजता है...चलिए आपको कुछ ऐसे उपायों से अवगत कराते हैं....जिससे आपको ठंड से बचने में काफी मदद मिलेगी.....

  • शरीर को अच्छे से ढकें
         सर्दियों में टोपी, मफलर और दस्ताने जरूर पहने...सर्दी से बचाने में मफलर बहुत फायदेमंद होता है. ये   गले को गर्म रख वायरस के हमले से बचाव करता है...

  • चाय भी है फायदेमंद 
       चाय की चुस्की सर्दी में बहुत अच्छी लगती है.....लोग अक्सर सर्दियों में अधिक मात्रा में चाय पीते हैं....लेकिन हमें कुछ-कुछ घंटों के अंतराल के बाद ही चाय पीनी चाहिए....

  • दूध और शहद    
      रात को सोने से पहले गर्म दूध में एक चम्मच शहद खांसी से राहत दिलाता है.....इस घरेलू नुस्खे की पुष्टि कुछ अमेरिकी शोध भी कर चुके हैं.... आयुर्वेद के अनुसार चालीस डिग्री से ज्यादा तापमान पर शहद नुकसान कर सकता है.....

  •  अदरक और काली मिर्च
       अदरक के रस को काली मिर्च के साथ मिला कर पीने से भी सर्दी में राहत मिलती है...ये खांसी जुकाम में दवा का काम करता है....ये मिश्रण शरीर की वायरस से लड़ने की क्षमता को बढ़ता है...

  •  प्याज भी है गुणकारी
       प्याज का रस भी सर्दी में काम आता है....जहां गर्मियों की लू से बचाने में प्याज फायदेमंद है.... वहीं सर्दी के इस नए नुस्खे की अब तक कोई पुष्टि नहीं कर पाया है......इस देसी नुस्खे का संभल कर इस्तेमाल करें क्योंकि प्याज के रस से चक्कर भी आ सकते हैं.....




कैसे करें सूर्य नमस्कार

सूर्य नमस्कार करने से शरीर सारा दिन ऊर्जा से भरपूर और तरोताजा रहता है.....और शाम को करने से सारे दिन का थकान और तनाव दूर हो जाता है....

सूर्य नमस्कार कैसे करें ?

  • सूर्य नमस्कार का ठीक प्रकार से अभ्यास करने के लिए सीधे खड़े हो जाएं।
  • दोनों पैर मिले हों और हाथ नमस्कार की मुद्रा में ले आएं।
  • फिर सांस अंदर लेते हुए दोनों हाथों को सीधा उठाते हुए सिर के ऊपर ले जाएं। पीछे की ओर झुकें।
  • इस दौरान हाथों और गर्दन को भी पीछे झुका लें। अब सामान्य रूप से सांस लें।
  • फिर सांस बाहर छोड़ते हुए हाथों को नीचे लाते हुए झुक जाएं। हाथों को ज़मीन पर टिका लें और सिर घुटने से छूने की कोशिश करें।
  • फिर सांस अंदर लें और एक पैर को पीछे की तरफ खोल लें, जैसा कि वीडियो में दिखाया जा रहा है।
  • सांस बाहर छोड़ें और दूसरे पैर को भी पीछे की तरफ ले जाएं। आप पुल जैसी मुद्रा में आ जाएंगे। अब सामान्य रूप से सांस लें।
  • इसके बाद अपने घुटनों, चेस्ट और चिन को ज़मीन से छुएं। फिर सांस अंदर लेते हुए अपने कूल्हे का हिस्सा भी ज़मीन पर ले आएं।
  • इसके बाद धीरे-धीरे शरीर के आगे के हिस्से यानि चेस्ट को ऊपर उठाएं और पीछे की तरफ झुकने की कोशिश करें।
  • सांस बाहर छोड़ते हुए अपने कूल्हों को ऊपर उठा लें और फिर से पुल जैसी मुद्रा में आ जाएं।
  • सांस अंदर लेते हुए अपने एक पैर को आगे लाएं, फिर सांस बाहर छोड़ते हुए दूसरे पैर को भी वापस पहले वाले के साथ ले आएं। इस मुद्रा में बने रहें।
  • फिर सांस अंदर लें और उठते हुए अपने हाथ सीधे करके सिर के ऊपर ले जाएं और पीछे की ओर झुकाएं।
  • सांस बाहर छोड़ते हुए दोनों हाथ जोड़ लें और फिर शुरुआती मुद्रा में बाहर आ जाएं।
  • कुछ देर रूक के बाद एक बार फिर इस आसन का अभ्यास करें।
बढ़ता प्रदूषण लोगों के लिए मुसीबत बन गया....प्रदूषित हवा में लोगों का सांस लेना मुश्किल होता जा रहा है...औद्योगिक क्षेत्र से निकलने वाले जहरीले धुएं के असर की वजह से लोग बीमार हो रहे हैं....फैक्ट्रियों का केमिकल मिला पानी लोगों के खेतों तक पहुंच रहा है....जिस वजह से जमीन बंजर हो रही है...फैक्ट्री मालिक प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के नियमों की अनदेखी कर रहे हैं...इलाके में प्रदूषण का स्तर लगातार बढ़ रहा है...लेकिन फैक्ट्री संचालकों के खिलाफ कार्रवाई नहीं हो रही..